प्लास्टिक सर्जन डाॅ हरीश घिल्डियाल  और टीम के अथक प्रयासों से बची चरणजीत की जान।

45 प्रतिसत झलसे चरणजीत ंिसंह को कैलास अस्पताल से मिली छट्टी
प्लास्टिक सर्जन डाॅ हरीश घिल्डियाल  और टीम के अथक प्रयासों से बची चरणजीत की जान।

देहरादून
9 अप्रैल को ज्वालापुर हरिद्वार से मांस की कथित दुकानों को हटाने की मांग को लेकर 9 अप्रैल को अपने उपर पैट्रोल छिडककर 45 प्रतिसत झुलसे विश्व हिन्दु परिषद(धर्म प्रचार विभाग) के कार्यकारी जिलाध्यक्ष चरणजीत सिंह पाहिवा को कैलास अस्पताल के बर्न-आईसीयू से डिस्चार्ज कर दिया गया है। चरणजीत सिंह को पहले जिला अस्पताल हरिद्वार, कोरोनेशन अस्पताल देहरादून,और फिर कैलाश अस्पताल रेफर कर ंिदया गया था।
ं हिमवंत प्रदेश न्युज को दिये गये एक इंटरव्यूह में डाॅ हरीश घिल्डियाल सीनियर कंसलटंेट बर्न एवं प्लास्टिक सर्जरी तथा डा प्रवीन वर्मा सीनियर इंटेस्विस्टि ने बताया कि चरणजीत ंिसंह को काफी गंभीर हालत में भर्ती कराया गया थ। उनका लगभग 45 प्रतिसत भाग झूलस गया था एसे स्थिति में मरीज को बचना बर्न सर्जन के लिए काफी बडी चुनौती होती है। डाॅ घिल्डियाल ने बताया कि चरणजीत इससे पहले भी 2013 में एक जानलेवा हमले में जल गये थे। जिससे दूसरी बार जलने से त्वचा में धाव भरने की शक्ति कम हो जाती है और संक्रमण की संभावनाये बड जाती है।


डाॅ घिल्डियाल ने बताया कि चरणजीत सिह धटना के 5 घंटे बाद कैलास अस्पाताल में भर्ती किया गया था जिसको पहले 8 घंटे में भारी में दिये जाने वाले फलूइड्ज नही दिये जा सके थे। करीब 21 दिन अस्पताल में निवास में चरणजीत सिंह पाहवा का नवीनतम उपकरणों एवं जीवाणु रहित वातावरण में इलाज किया गया। जिससे उसके शरीर के अधिकतर जख्म भर गये है।

 
अच्चे इलाज और सहयोग के लिए चरणजीत ंिसंह ने डाॅ हरीश और उनकी पूरी टीम का धन्यवाद किया और कहा कि यदि मै यहां नही आता तो शायद ही बच पाता। इस अवसर पर अस्पताल के डायरेक्टर पवन शर्मा, चिकित्सा अधीक्षक डाॅ एस के मिश्रा समेंत डाॅक्टरों की टीम मौजूद रही।