क्या है स्वस्थ रहने का 4 जी फार्मूला जाने बरिष्ठ फिजीशियन डाॅ अजीत गैरोला सें।

            // भानु प्रकाश नेगी//

स्वास्थ्य को दुनियां का सर्वोत्तम धन माना गया है और यह सबसे जरूरी चीज भी है क्योंकि एक स्वस्थ शरीर मंे ही स्वस्थ मष्तिस्क रहता है। और जब आदमी स्वस्थ रहेगा तभी वह अपनी हर प्रकार की उन्नति कर पायेगा।साथ ही देश भी आर्थिक तरक्की और समृद्वि की ओर बढेगा।
कोरोनेशन असपताल के सीनियर फिजीशयन डाॅ अजीत गैरोला के अनुसार मनुष्य को शाररिक,मानसिक,सामाजिक,एवं आध्यात्मिक रूप से स्वस्थ रहना आवश्यक है। शाररिक रूप से स्वस्थ रहने के लिए हमें आहार की आवश्यकता होती है।जिसके लिए हमें 4जी फार्मूला  अपनाने की आवश्यकता है। जिसमें ग्रीन बेजिटेबल ग्रेबस(दालें) गुड और मंूगफली सामिल है। वही ईईएसएस फार्मूला यानी की अच्छा आहार खाना है। डाॅ गैरोला के अनुसार कुपोषण का अर्थ यह नही कि हम र्सिफ कम खाये या ज्यादा खाये हमें अपना आहार संतुलित मात्रा मंे लेना चाहिए। जो लोग बहुत ज्यादा मोटे हो जाते है। जिनके अन्दर फैटस ज्यादा मात्रा में जम जाता है वो लोग भी कुपोषण की श्रेणी में आते है।

 

एक स्वस्थ जीवन जीने लिए हमें पूरे दिनभर मंे कम से कम 45 मिनट तक टहलना चाहिए,योगा और व्यायाम करना तथा कम से कम 8 घंटे सोना चाहिए। साथ ही किसी भी प्रकार के तनाव से दूर रहना चाहिए। डा. गैराला के अनुसार जिम एक बिगनेस एक्सरसाईज है जिससे लोग बजन कम करने के लिए करते है, कुछ दिन कैलरी कम हो जाती है और वजन कम हो जाता है। लेकिन जैसे ही जिम करना बंद कर दो फिर से वजन बड जाता है। जो कारगर नही है। वजन को कम करने के लिए सबसे कारगर तरीका है कि हम उस तरह की चीजें नही खायें जिससे हमारा बजन बड जाये जिनमें फास्ट फूड,मांस,मदिरा,तली हुई चीजे, अत्यअधिक मीठी चीजें,और बसा युक्त चिकनाई वाले चीजें सामिल है। आजकल डायटिंग का फैसन सा चल पडा है जो शरीर के लिए घातक सिद्व हो सकता है। इसलिए डायटिंग ना करें अच्छी संतुलित डायट ले जिससे आपका शरीर संतुलित बना रहें

मोटापा अपने आप मंे बीमारी का घर है। इससे आपको कई प्रकार की परेसानियां हो जाती है। जिसमें काॅस्मेटिक रूप इंसान विकृत लगने लगता है,चलने फिरने में या उठने बैठने में काफी परेसानियों का सामना करना पढता है। मोटापे से होने वाले रोगों में डायविटिज, हार्ट अटैक,बीपी,जोडों का दर्द आदि कई रोग हो जाते है।