देहरादून की रेणू रैतेला मेडिसिन मशरूम उगाकर युवाओं को दे रही हैं स्वरोजगार को दिया संदेश

भानु प्रकाश नेगी

कोरोना काल में लाॅकडाउन के बाद देशभर में लाखों लोेग बेरोजगार हो गये जिससे इन लोंगांे पर रोजी रोटी का संकट बड़ गया। लेकिन इनमें से कई ऐसे युवा है जिन्होंने अपनी मजबूत इच्छा शक्ति के जरिये स्वरोजगार अपनाने का मन बनाया और आज वह अपने मकसद में कामयाब होते दिख रहे है। इन्ही युवाओं में एक है प्रेमनगर निवासी रेणू रौतेला जिन्होंने लाॅकडाउन के दौरान खास तरह के मशरूम की उत्पादन करना चाहा जिसके लिए उन्होंने मशरूम विभाग से टेªनिंग भी ली है और अब उनकी मेहनत रंग लाने लगी है।

रेणू रौतेला का कहना है कि गेडूमा मशरूम मेडिकल मकसद से उगाई जाती है जिसकी कैंसर जैसे रोग की  दवाई भी बनाई जाती है,इसे चाय बनाकर भी पिया जाता है, जो शरीर के लिए बहुत फायदेमंद है।आपको बता दे कि,रेणू रैतेला देहरादून के प्रेमनगर में रहती है। और मेडिसन मशरूम के साथ साथ मशरूम की कई प्रजातियों को घर के खाली कमरों में उगा रही है। जिससे उनकी आमदनी भी बढ़ रही है और घर के खाली कमरों का भी उपयोग हो रहा है।