जागर सम्राट प्रीतम भरतवाण बने नेत्रदान (उत्तराखंड) के ब्रांड एबेसडर

जागर सम्राट प्रीतम भरतवाण को नेत्रदान पखवाडें में उत्तराखंड का ब्रांड एम्बेसडर बनाया गया है। महात्मा गांधी नेत्र चिकित्सालय के सीएमएस बरिष्ठ नेत्र सर्जन डॉ बीसी रमोला ने बताया कि 33 वां नेत्रदान पखवाड़ा 25 अगस्त से 8 सितम्बर राष्ट्रीय दृष्टिविहीनता नियंत्रण कार्यक्रम के तहत मनाया जाता है।कार्यक्रम की थीम “जीते जीते रक्तदान और जाते जाते नेत्रदान“ पर आधारित थी।जिला दृष्टि विहीनता नियंत्रण समिति देहरादून द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम के तहत देश भर में जगह जगह पर नेत्रदान जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किये जातें है।



जागर सम्राट प्रीतम भरतवाण उत्तराखंड के लोकप्रिय लोकगायक है और समाज को जागरूक करने के लिए अपने गीतों के माध्यम से काफी जागृत समाज को किया है।वही प्रीतम भरतवाण का कहना है कि नेत्रदान जैसा महादान इंन्सान को अवश्य करना चाहिए ताकि दुनियाभर में जन्म से दृष्टिविहीन लोगों और दुर्धटनाओं में अपनी आंखें खोने वाले लोग दुनियां को देख सकें।उन्होनें कहा कि भविष्य में मेरा प्रयास रहेगा कि जनगीतों के माध्यम से समाज को जागरूक करने का काम करूंगा।


वही डॉ बी.सी. रमोला ने कहा कि उत्तर भारत में नेत्रदान न के बराबर है। भले की हिमालयन अस्तपाल जौलीग्रांट देहरादून के नेत्र बैंक में कुछ नेत्र प्रीजर्व है। दक्षिण भारत में नेत्रदान के लिए लोगो में काफी जागरूकता है।दुनियां में सबसे ज्यादा नेत्रदान श्रीलंका मे होता है जहां से पूरी दूनियां के लिए आंखों की सप्लाई की जाती है। नेत्रदान के लिए उत्तराखंड में जन जागरूकता की अति आवश्कता है। अगर कोई व्यक्ति नेत्रदान करना चाहता है तो मृत्यु के 6 घंटे बाद तक नेत्र सर्जन के सानिध्य में नेत्र निकाल लिए जाते है। और उसके बाद फिर काफी समय नेत्र को प्रीर्जव करने के लिए होता है।उन्होनें ने समाज के प्रतिष्ठित व्यक्तियां व समाजसेवीवियों से अपील की है कि वे इस मुहिम में बड चड कर भाग ले और समाज में लोगों जागा।
कार्यक्रम के दौरान विधायक राजपुर खजान दास व पूर्व शिक्षक ताजवर सिह रावत समेत कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

         -भानु प्रकाश नेगी,देहरादून