थत्यूड सीएससी बना रैफर सेन्टर!

मोहन थपलियाल।



नैनबाग: आम जनता को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा देने के लाख दावें सरकार करती आ रही है।वही जमीनी हकिकत कुछ और ही बंया करती है कि डाक्टरों के अभाव से ग्रामीणों को स्वास्थ सुविघा का लाभ न पद्दुचने मात्र सीएचसी रैफर सेन्टर बना हुआ है।
जौनपूर विकास खंड मुख्यालय थत्यूड राज्य की राज राजधान से महज 65 किमी की दूरी पर स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थत्यूड की बदहाली सरकार की लचर स्वास्थ सुविघा के चलते क्षेत्र की 80 ग्राम पंचायतों की लगभग 40 हजार से अधिक लोगो को बेहतर स्वास्थ्य उपचार की जिम्मेदारी मात्र सीएचसी के आधीन चल रही है। केन्द्र में हर रोज लगभग 40 से 50 मरीज अपने उपचार को आते ह्रै।
लेकिन शासन प्रशासन की घोर उदासीनता व लचर स्वास्थ व्यवस्थाओं के कारण आज अस्पताल ही खुद आईसीयू में चल रहा है। जहां जहां अनदेखी के चलते केन्द्र में डाक्टरों व स्टाफ की कमी से अस्पताल दम तोडता नजर आ रहा है। अौर केद्र मात्र रैफर सेन्टर बनकर शौ पीस बना हुआ है।
मुख्य बात है कि समुदायिक स्वास्थ र्केन्द्र में डाक्टरों की कमी तो है ही,अपितु दो दो एक्सरे होने पर कई साल से टैक्नीशियन का पद रिक्त से केन्द्र में मशीनों पर जंग लगने खस्ताहाल हो रही। जिस पर छोटी मोटी जांच आदि के लिए आम जनता को मंसूरी व देहरादून जाने को मजबूर के चलते भारी आर्थिक नुकशान उठाना पड़ रहा है।
अस्पताल में कुल 12 डाक्टरो के पद स्वीकृत है वर्तमान में तो कागजों 4 तैनात है लेकिन 2 ही डाक्टरों के भरोसे ही अस्पताल चल रहा है।जिस क्षेत्र की जनता को उचित उपचार और स्वास्थ्य सुविधा लाभ न मिलने से ग्रामीणों में भारी आक्रोश है ।
क्षेत्रीय ग्रामीणो प्रघान गोविन्द सिहं,अखवीर सिंह पंवार,पथ्वी सिंह रावतरणवीर सिह नेगी, नवीन पंवार, सुरेन्द्र सिह रावत. सोबत सिह रावत का कहना है। कि केंद्र में डाक्टरों व स्टाफ की कमी से सीएचसी में आम जनता को स्वास्थ का लाभ नही मिल रहा ह्रै।अौर केन्द्र मात्र रेफर सेन्टर बन के रह गया है।