सिमखोली गावं के तीन परिवार खतरे की जद में , भारी बारिस के कारण सड़क का पुस्ता धंसा मकान में.

-दहसत के साये में पीड़ित परिवार।
-शासन प्रशासन से नही मिल पाई है अभी तक कोई मदद।

सिमखोली (पोखरी) चमोली

विगत कई दिनों से हो रही भारी बारिस के कारण चमोली जिले के पोखरी ब्लाक सिमखोली गांव दरमान सिंह नेगी,मातवर सिंह नेगी व जगदीश सिंह नेगी की मकान में सड़क का पुस्ता धंस कर जा सटा है। जिससे तीनों परिवार के सदस्य दहसत के सायें में जीने को मजबूर हो गये है। पटवारी सिमलासू ने मौके पर जायजा तो लिया पर पीड़ित परिवार को किसी प्रकार की सहायता की बात नही की है। जिससे पीडित परिवार आक्रोश में है।


गौरतलब है कि पीड़ित परिवार के मकान के ठीक पीछे से उडामाण्डा रौता मोटर मार्ग है पिछले कई सालों से सड़क के उपरी भाग में पुस्ता न होने के कारण यहां की जमीन से भूस्खलन होने से बरसात के समय में लगातार टूटती जा रही है। प्रधानमंत्री ग्राम सडक योजना के अर्न्तगत इस सड़क को लगभग 10 साल बाद हॉल के कुछ महीने पहले ही रिपेयरिंग व डामरीकारण किया गया था। निमार्ण कार्य इतने धटिया स्तर का हुआ है कि डामरीकरण हल्की सी बारिस की फहारें भी नही झेल पायी है।धटना स्थल पर इसी साल पुस्ते का निर्माण पीएमजीएसवाई ने करा तो दिया पर वह इस भूस्खलन वाली जगह के लिए मानकों के अनुसार नही बनाया गया है।लिहाजा एक इस बरसात में सड़क धंसकर मकान की पिछली दीवार से सट गई है जिससे मकान में रह रहें लोगों को भारी खतरा पैदा हो गया है।

पीड़ित परिवार की अनीता देवी का कहना है कि सड़क का पुस्ता मकान में धंसने से भारी मकान को खतरा पैदा हो गया है। जिससे हमें पूरी रात दहसत के सायें में काटनी पड रही हैं,डर के भय से रात की नींद भी गायब हो गई है।एक ही मकान होने के कारण कोई दूसरा विकल्प उनके पास नही है,लिहाजा मजबूरन इसी मकान में रहना पड रहा है। और शासन प्रशासन किसी भी प्रकार की कोई मदद अभी तक नही पंहुचा पाया है।

        -Bhanu Prakash Negi