अबैध होस्टल ने किया क्लेमेन्ट टाउन वासियों का जीना मुस्किल

अबैध हास्टलों की आड़ में असामाजिक तत्वों ने क्लेमेंन्ट टाउन वासियों का जीना मुस्किल कर दिया है। यहां के हास्टलों में मालिक के बाहर रहने से अराजक तत्वों द्वारा रातभर शराब व अन्य नसीले पदार्थो का सेवन किया जाता है।साथ ही गंन्दी गाला गलैज शोर सराबा और तेज गति से तीखी आवाज में मोटरसाईकिल चलाई जाती है।
ताजा घटना क्लेमेन्ट टाउन के पीपलेश्वर मंदिर के पास के दो अबैध रूप से चल रहे हाॅस्टलों की है जहां ये सब कुकृत्य किये जा रहे है। मानको के अनुसार आवासीय काॅलानियों में क्षेत्र के लोगों या आस पडोस की अनुमती कें बिना और मालिक के निवास के बिना हास्टल होने चाहिए। 85 बेल रोड निवासी क्लेमेन्ट टाउन रंजन नौटियाल ने बताया कि इन अबैध हास्टलों में रहने वाले अराजक तत्वों को कई बार समझाने पर भी वे नही समझते है। हाॅल के दिनों में शांयकाल में अपने घर के अंन्दर जा रहा था तक कुछ लडको ने कांच की बोतल मार कर मेरे घर के बाहर गेट पर फेंकी ओर मुझे धमकाते हुये घर के अंन्दर आ गयें । बाद में जब काफी लोगों के साथ में हास्टल में गया तो हाॅस्टल मालिक समेत कुछ लडकों ने फिर मुझे धमकाया कि तुम हमारे आगे कुछ नही हो । पीट दिये जायओंगे चुप चाप चले जाओ । इसके बाद मैने क्लेमेंन्ट टाउन पुलिस को सूचना दी साथ ही क्षेत्र के सभी जागरूक लोगों को सूचना दे दी है। इसके बाद भी कार्यवाही नही हुई तो मुझे मजबूरन एस.एस.पी महोदय के पास गुहार लगाउंगा।
गौरतलब है कि गा्रफिक एरा विश्वविद्यालय खुलने के बाद क्लेमेन्ट टाउन में काफी क्राउड बढ गया है। जिसके कारण सड़क दुर्धटनायें,समेत आपराधिक गतिविधियों में काफी ईजाफा देखने को मिल रहा है। क्योकि ग्राफिक ईरा विश्वविद्यालय में देश के अलग अलग प्रान्तों के साथ-साथ विदेशी छात्र छात्राये भी अध्ययनरत है। विश्वविद्यालय के द्वारा काफी संख्या में अपने हाॅस्टल खोलने के बावजूद भी अधिक छात्र संख्या के कारण पूरे नही पड रहे है। जिसके कारण कई छात्र – छात्राओं को क्षेत्र के प्रायवेट हास्टलों या किराये के मकानों में रहना पढ रहा है। जिसमें उन्हें हर प्रकार की आजादी मिली हुई है। इन्ही हास्टलों की आड़ में कई अराजक तत्व नसे के कारोबार को बढावा दे रहे है जिससे हमारी युवा पीडी का भविष्य अंधकार मय हो रहा है।
     -भानु प्रकाश नेगी